सरहद पर पार हुई रिश्तो की मर्यादा : ममेरे भाई की करतूत से मां बनी कुंवारी

  • रिश्ते हुये शर्मसार, अपंग युवती को बनाया कुंवारी मां
  • सरहद पर मामा के लड़के ने की सारी सीमाएं पार, परिवार स्तब्ध

अम्बिकापुर

मानवीय भावनाओं व रिश्तों की सारी आत्मियताओं से दूर रामानुजगंज सरहदी क्षेत्र के एक कस्बे में मामा के लड़के व रिश्ते में भाई कहे जाने वाले एक युवक ने युवती को बहाल फुसलाकर या फिर यह कहें कि उसकी अपंगता का फायदा उठाते हुये उसके साथ न सिर्फ शारीरिक संबंध स्थापित किया बल्कि काम निकलने के बाद पल्ला झाड़ते हुये उसे कुंवारी मां बनने पर मजबूर कर दिया। शर्म आती हैं कि समाज में कुछ ऐसे लोग भी है जो रिश्तों को रिश्ता न समझते हुये उसे मजाक बनाकर रख देते है। समाज में ऐसे लोग सिर्फ घृणा के काबिल है। इस मामले के प्रकाश में आने के बाद सभ्य समाज में रिस्तों का मजाक बनाने वाले लोगों का एक और चेहरा उजागर हो गया है। वहीं युवती का परिवार अस्पताल में पड़ी अपनी बेटी को बिन व्याही मां के रूप में देखकर स्तब्ध हो इस सोच में डूबा है कि इस परिस्थिति से वे अब कैसे अपने आप को सम्हाल सकेंगें।

रामानुजगंज क्षेत्र के एक कस्बे में रिश्तों को शर्मसार करने वाली इस घटना का एक दुखद पहलू यह है कि उम्र के 26 वर्ष के पड़ाव पर पहुंची युवती शारीरिक अंपगता की वजह से मात्र 3 फीट की है। यही नहीं इस अपंगता के रहते हुये भी युवती ने काॅलेज में द्वितीय वर्ष की परीक्षा पास कर फाइनल वर्ष की तैयारी में है। 6 माह पहले उसके परिवार को यह पता चला कि यह घृषित हरकत उसके ही मामा के लड़के की है। मामा के लड़के को इसका पता चलने पर वह युवती को अम्बिकापुर लेकर आया और बच्चा गिराने की कोशिश की। कुछ नहीं हो पाने पर उसके वापस घर छोड़ दिया। परिवार वाले रिश्तों की बात सोचते हुये कुछ भी नहीं कर सके। कई महीने बीतने पर प्रसव पीड़ा होने पर परिजन उसे कल मिशन अस्पताल लेकर पहुंचे थे। जहां चिकित्सकों ने वहां रखने से मना कर दिया। उसके बाद परिजन उसे जिला अस्पताल लाये। वहां भी चिकित्सकों ने प्रसव करने पर प्रश्न चिन्ह लगा दिया। सारी पीड़ा सहते हुये युवती का परिवार महापौर डा. अजय तिर्की से पूर्व में रामानुजगंज में लोकप्रिय थे, उन्हे फोन करके जानकारी दी। सूचना पर श्री तिर्की उनसे मिलने पहुंचे। आज सुबह आपरेशन के बाद अपंग युवती ने स्वस्थ्य शिशु को जन्म तो दिया परंतु परिवार के सामने अभी भी वे आगे क्या करें इस असमंजस की स्थिति बनी हुई है।