अम्बिकापुर..(सीतापुर/अनिल उपाध्याय)..विगत 26 जुलाई को नगर में दिनदहाड़े हुई एक करोड़ की ज्वेलरी की उठाईगिरी का खुलासा पुलिस ने कर दिया है।इस खुलासे के साथ ही पुलिस ने आरोपियों के घर से 46 लाख के सोने चांदी के गहने बरामद किये हैं।नगर में दिनदहाड़े हुई उठाईगिरी की इस घटना को अंतर्राज्यीय गिरोह के सदस्यों ने रेकी के बाद बड़ी सफाई के साथ अंजाम दिया था।इस मामले को पुलिस ने एड़ी चोटी का जोर लगाते हुए कड़ी मशक्कत के बाद 22वे दिन में सुलझा पाई।इस घटना के बाद नगर में हड़कंप मच गया था और पुलिस की काफी किरकिरी होने लगी थी।
गौरतलब है कि विगत 26 जुलाई को नगर के सबसे व्यस्त इलाके से दिनदहाड़े काशी विश्वनाथ ज्वेलर्स के संचालक अरुण सोनी के साथ एक करोड़ के ज्वेलरी की उठाईगिरी की घटना हो गई थी।दिन के साढ़े ग्यारह बजे ज्वेलरी से भरा बैग स्कूटी में टंगा छोड़ अरुण सोनी जब दुकान खोल रहे थे।तभी वहां घात लगाए बाइक सवार दो युवक आये और ज्वेलरी से भरा बैग स्कूटी से लेकर फरार हो गये।दिनदहाड़े हुई इस घटना से नगर में हड़कंप मच गया था और व्यापारी संघ सर्राफा व्यापारी संघ एवं नगरवासी इस घटना को लेकर लामबंद हो गये थे।दिनदहाड़े नगर में हुई अब तक कि सबसे बड़ी घटना से व्यापारियों में डर के साथ आक्रोश निर्मित हो गया था और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग को लेकर आवाज उठने लगी थी।
इसके साथ ही नगर की सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था के साथ पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठ खड़े हुए थे।उठाईगिरी की घटना के बाद आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर ज्ञापनो का दौर शुरू हो गया था।व्यापारी संघ,नगरवासी समेत सामाजिक संगठन एवं पूर्व मंत्री अमरजीत भगत के नेतृत्व में कांग्रेस ने भी ज्ञापन सौंप आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की थी।आरोपियों की लगातार गिरफ्तारी की मांग एवं पुलिस द्वारा आश्वासन के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी में विलंब होता देख व्यापारियों का धैर्य जवाब दे दिया और उन्होंने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए नगरबंद एवं चक्काजाम कर दिया।
चक्काजाम के दौरान मध्यस्थता के लिए आये तत्कालीन एडिशनल एसपी ने एसआईटी जांच एवं एक सप्ताह के अंदर आरोपियों की गिरफ्तारी के आश्वासन दिया था तब जाकर चक्काजाम समाप्त हुआ था।लेकिन आश्वासन के एक सप्ताह बाद भी जब पुलिस आरोपियों को गिरफ्तार करना तो दूर उनका सुराग भी नही लगा पाई।तब व्यापारियों के सब्र का बांध टूट गया और व्यापारी एवं सर्राफा व्यापारी संघ ने पुलिस की नाकामी के विरोध में अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया।
इस धरना प्रदर्शन पूर्व मंत्री अमरजीत भगत,नगरवासी समेत नगर के सभी सामाजिक संगठनो ने अपना भरपूर समर्थन दिया और बुधवार रात तक आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपा।सौपे गये ज्ञापन में बुधवार रात तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने पर पुलिस प्रशासन को जिम्मेदार ठहराते हुए गुरुवार से नगरबंद एवं चक्काजाम का उल्लेख किया गया था।दिनदहाड़े हुई उठाईगिरी की इस घटना के बाद जैसे जैसे आरोपियों के गिरफ्तारी में समय लग रहा था वैसे वैसे पीड़ित पक्ष की उम्मीदे भी टूटती जा रही थी।पुलिस भी नगर में दिनदहाड़े हुई उठाईगिरी की घटना में संलिप्त आरोपियों की गिरफ्तारी एवं ज्वेलरी की बरामदगी के लिए चौतरफा दबाव झेल रही थी।
आखिरकार चौतरफा दबाव के बीच पुलिस ने घटना के 22वे दिन नगर में दिनदहाड़े हुई उठाईगिरी की घटना का खुलासा कर दिया।पुलिस ने खुलासा करते हुए बताया कि उठाईगिरी की इस घटना को अंतर्राज्यीय गिरोह के सदस्य चांटी दास निवासी ग्राम सोर्ड़ा जिला गंजाम उड़ीसा एवं नागेश्वर राव निवासी नारायणपुर थाना कोटिनाड़ा जिला गंजाम उड़ीसा ने अंजाम दिया था।इस घटना को लंबे समय तक रेकी करने के बाद इन दोनों आरोपियों ने अपने दो अन्य साथी के साथ इस घटना को अंजाम दिया था।इस घटना को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी छत्तीसगढ़ से झारखंड होते हुए उड़ीसा चले गए थे।इस घटना के बाद पुलिस के बढ़ते दबाव की वजह से ये घर न जाकर पुलिस की नजरों से छिपकर रह रहे थे।
उड़ीसा पुलिस के सहयोग से साइबर एवं सीतापुर की पुलिस टीम आरोपियों के हर संभावित ठिकानों पर लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही थी।इसी बीच स्थानीय पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि चांटी दास 16 अगस्त की रात अपने घर आया था।सूचना के बाद स्थानीय एवं सरगुजा पुलिस की संयुक्त टीम उसके घर पहुँची लेकिन उसके घर मे ताला लगा हुआ था।पुलिस आरोपी की गिरफ्तारी के लिए आसपास काफी तलाशी अभियान चलाया पर चांटी दास का कोई सुराग हाथ नहीं लगा।आसपास तलाशी के दौरान चांटी दास का सुराग नही मिलने पर पुलिस ने उसके घर की तलाशी शुरू की।
पुलिस द्वारा आरोपी के घर की तलाशी के दौरान काशी विश्वनाथ ज्वेलर्स के संचालक अरुण सोनी के साथ हुई उठाईगिरी वाली ज्वेलरी हाथ लग गई।पुलिस ने गवाहों के समक्ष आरोपी द्वारा घर मे छिपाई गई 300.92 ग्राम सोने के आभूषण कीमत करीब 43 लाख रुपये एवं चांदी के आभूषण करीब 1 किलो 168 ग्राम कीमत करीब तीन लाख कुल 46 लाख के ज्वेलरी विधिवत रूप से जब्त किया।इस मामले के दोनों आरोपी फिलहाल फरार चल रहे है जिनकी तलाश में पुलिस जुटी हुई है।
इस कार्यवाही के दौरान प्रभारी साइबर सेल एएसआई अजित मिश्रा, प्रआ भोजराज पासवान,विकास सिन्हा,आ अशोक यादव अनुज जायसवाल मनीष सिंह अमन पूरी राहुल केरकेट्टा थाना प्रभारी सीतापुर अखिलेश सिंह उपनिरीक्षक रघुनाथ राम भगत प्रशिक्षु उपनिरीक्षक अनिल कुमार प्र आ तीजराम पैंकरा आ राकेश यादव महेंद्र नाग थाना मणिपुर से आ उमाशंकर साहू कुश कुमार सोनी की महत्वपूर्ण भूमिका थी।इसके साथ ही उड़ीसा पुलिस के एसडीओपी आश्का सौरव रंजन प्रधान निरीक्षक आश्का सुधीर कुमार,दीप्ति रंजन बेहरा,प्र आ पंचानन,आ मनोज कुमार,वरुण कुमार हेमंत कुमार ने सराहनीय योगदान दिया।
