कोंडागांव। ड्यूटी के दौरान अपनी ही सर्विस राइफल से खुद को गोली मारकर आत्महत्या करने वाले छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल (सीएएफ) के जवान की दुखद मौत की वजह प्रथम दृष्टया मानसिक तनाव सामने आई है। कोंडागांव जिले के उरंदाबेड़ा थाना क्षेत्र में सोमवार को घटित इस आत्मघाती कदम के पीछे जवान के कुछ निजी कारण बताए जा रहे हैं।
मामला फरसगांव पुलिस अनुविभाग के अंतर्गत आने वाले सीएएफ शिविर का है, जहां छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल की 5वीं बटालियन में तैनात आरक्षक (कांस्टेबल) जोगेंद्र नेताम की संतरी ड्यूटी लगी हुई थी। बड़ेडोगर भैसाबेडा के रहने वाले जवान जोगेंद्र जब सोमवार को अपने मोर्चे पर तैनात थे, तभी अचानक वहां गोली चलने की गूंज सुनाई दी। आवाज सुनते ही कैंप में हड़कंप मच गया और साथ में तैनात अन्य जवान तुरंत मौके की तरफ दौड़े।
घटनास्थल पर आरक्षक जोगेंद्र खून से लथपथ हालत में मिले, जिसके बाद बिना वक्त गंवाए साथी जवानों ने उन्हें नजदीकी अस्पताल पहुंचाया। हालांकि, अस्पताल के डॉक्टरों ने गहन परीक्षण के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही उरंदाबेड़ा थाना पुलिस ने भी तुरंत मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी।
इस संवेदनशील मामले की गंभीरता को देखते हुए कोंडागांव एसपी (पुलिस अधीक्षक) पंकज चंद्रा तत्काल शवगृह पहुंचे। उन्होंने वहां शोकाकुल परिजनों से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया और पूरी संवेदना प्रकट की। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शुरुआती जांच और पूछताछ से यह संकेत मिले हैं कि जवान पिछले कुछ समय से निजी कारणों के चलते भारी मानसिक तनाव से गुजर रहा था, जिसके चलते उसने यह खौफनाक कदम उठाया। फिलहाल पुलिस मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है।
