रायपुर। छत्तीसगढ़ के लोगों के लिए भीषण गर्मी और उमस के बीच राहत की बड़ी खबर है। राज्य में मानसून जल्द ही धमाकेदार एंट्री करने वाला है, जिससे पहले प्रदेश भर में प्री-मानसून गतिविधियां तेजी से सक्रिय हो गई हैं। मौसम वैज्ञानिकों की मानें तो जून के दूसरे सप्ताह में ही मानसून छत्तीसगढ़ की सीमा में प्रवेश कर जाएगा। इस बीच, राजधानी रायपुर समेत पूरे प्रदेश में मौसम का मिजाज बदला हुआ है, जहाँ दिन भर की तेज धूप के बाद शाम होते ही आंधी और बारिश का दौर शुरू हो जाता है। इसी बदलाव के तहत मौसम विभाग ने दुर्ग जिले के लिए अगले तीन दिनों का आंधी-बारिश का ‘रेड अलर्ट’ जारी किया है, जिससे लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
प्रदेश में तेज हुई इन प्री-मानसून गतिविधियों का सीधा असर दुर्ग जिले में साफ देखा जा सकता है, जहाँ बीती शाम मौसम ने अचानक करवट ली। जिले के कई हिस्सों में करीब दो घंटे तक हुई हल्की बूंदाबांदी, बादलों की आवाजाही और ठंडी हवाओं ने लोगों को चिलचिलाती गर्मी से बड़ी राहत दी है। मौसम विज्ञान केंद्र रायपुर के वैज्ञानिक एचपी चंद्रा के अनुसार, फिलहाल प्रदेश के एक-दो स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई है और दुर्ग सहित कई इलाकों में गरज-चमक के साथ अंधड़ चला है। आगामी तीन दिनों तक मौसम का यह रुख बरकरार रहने की संभावना है, जिसके तहत दुर्ग में 50 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।
राहत की इस फुहार के बीच तापमान में एक बार फिर उतार-चढ़ाव का दौर देखने को मिल सकता है। शनिवार को जहाँ दुर्ग जिले का अधिकतम तापमान 39.8 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 22.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, वहीं राजधानी रायपुर 40.4 डिग्री सेल्सियस के साथ प्रदेश में सबसे गर्म रहा। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले 24 घंटों में तापमान में तीन से चार डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हो सकती है, जिसके बाद अगले चार दिनों के भीतर पारा धीरे-धीरे दो से तीन डिग्री और चढ़ सकता है। यानी मानसून के पूरी तरह स्थापित होने से पहले लोगों को उमस भरी गर्मी का एक और दौर झेलना पड़ सकता है।
हालांकि, राहत की बात यह है कि दक्षिण-पश्चिम मानसून की आगे बढ़ने की रफ्तार काफी सकारात्मक है। अनुकूल समुद्री और वायुमंडलीय परिस्थितियों के कारण मानसून आगामी 9 जून तक बस्तर के मुख्यालय जगदलपुर में दस्तक दे सकता है, जबकि 15 जून तक इसके पूरे छत्तीसगढ़ में सक्रिय होने की उम्मीद जताई गई है। वर्तमान में निकोबार द्वीप समूह और अंडमान क्षेत्र में पिछले दो दिनों से लगातार झमाझम बारिश हो रही है, और समुद्र के ऊपर पश्चिमी हवाएं 35 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से चल रही हैं, जो छत्तीसगढ़ में मानसून के समय पर आगमन के लिए बेहद शुभ संकेत हैं।
