लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के इटौंजा इलाके में शुक्रवार की देर रात मोहर्रम के जुलूस के दौरान एक दर्दनाक हादसा हो गया। यहाँ पखरिया (मोहना) मोहल्ले में सड़क किनारे बने एक मकान के छज्जे पर खड़े होकर लोग नीचे से गुजर रहे जुलूस को देख रहे थे और वहीं से पेय पदार्थ (शर्बत) भी बांटा जा रहा था। इसी बीच अचानक क्षमता से अधिक भार होने के कारण वह छज्जा भरभराकर सीधे नीचे आ गिरा। मलबे की चपेट में आने से वहां चीख-पुकार मच गई और इस हादसे में दो मासूम बच्चों की जान चली गई, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस प्रशासन तुरंत हरकत में आया और राहत-बचाव कार्य शुरू करते हुए सभी घायलों को आनन-फानन में बीकेटी स्थित सौ शैय्या संयुक्त चिकित्सालय पहुँचाया गया। अस्पताल में डॉक्टरों ने दोनों बालकों, अली (12 वर्ष) और अरमान (12 वर्ष) को मृत घोषित कर दिया। इस दुखद खबर के बाद से इलाके में कोहराम मचा हुआ है।
एसीपी बीकेटी विकास कुमार पांडेय के मुताबिक, इस हादसे की चपेट में कुल 10 लोग आए थे। घायलों में से अजमल (7 वर्ष), जियान (3 वर्ष), सना, मोहम्मद हसीब और जियाउल की हालत बेहद नाजुक होने के कारण उन्हें बेहतर इलाज के लिए केजीएमयू (KGMU) ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया है। वहीं, दो बच्चों दाऊद और अब्दुल वजूद को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई है, जबकि एक घायल बच्ची का इलाज अभी भी सौ शैय्या अस्पताल में चल रहा है। हादसे के बाद पुलिस के उच्च अधिकारियों ने खुद मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। प्रशासन द्वारा फिलहाल आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है और क्षेत्र में शांति एवं कानून-व्यवस्था पूरी तरह नियंत्रण में है।
