सूर्यापेट। तेलंगाना में सत्तारूढ़ कांग्रेस पार्टी के भीतर की अंदरूनी गुटबाजी अब सड़कों पर खूनी संघर्ष का रूप ले चुकी है। सूर्यापेट जिले के अरवापल्ली मंडल मुख्यालय में पार्टी पदाधिकारियों की नियुक्ति को लेकर नलगोंडा के सांसद चमाला किरण कुमार रेड्डी और तुंगातुर्थी के विधायक मंडुला सैमुअल के समर्थक आपस में इस कदर भिड़ गए कि पूरा इलाका कुरुक्षेत्र में तब्दील हो गया। मंडल अध्यक्षों की नियुक्ति में विधायक पर मनमानी और एकतरफा फैसले लेने का आरोप लगाते हुए सांसद समर्थकों ने मोर्चा खोला, जिसके बाद शुरू हुई तीखी बहस देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गई।
दोनों गुटों ने मर्यादा की सारी सीमाएं लांघते हुए एक-दूसरे पर लाठी-डंडों और पत्थरों से हमला कर दिया। हालात इस कदर बेकाबू हो गए कि मौके पर मौजूद पुलिस को स्थिति को नियंत्रित करने के लिए कड़ा बल प्रयोग और लाठीचार्ज करना पड़ा। इस दौरान मची अफरा-तफरी और पथराव में कई कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ-साथ मुस्तैद पुलिसकर्मी भी गंभीर रूप से घायल हो गए।
गौरतलब है कि सूबे की कांग्रेस में यह रार नई नहीं है; बीते मंगलवार को ही वारंगल में पार्टी नेताओं के बीच गहरा मतभेद खुलकर सामने आया था, और अब नलगोंडा क्षेत्र में हुई इस ताजा हिंसा ने पार्टी आलाकमान की चिंताएं बढ़ा दी हैं। फिलहाल तनाव को देखते हुए पूरे इलाके में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के साथ ही मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
