अम्बिकापुर। सरगुजा संभाग में अपराध नियंत्रण, सख्त अनुशासन और फील्ड में उतरकर त्वरित कार्रवाई करने के लिए पहचाने जाने वाले तेज-तर्रार पुलिस अधिकारी देवेंद्र कुमार सिंह (डी.के. सिंह) की एक बार फिर वापसी हुई है। राज्य शासन द्वारा उन्हें संभाग मुख्यालय अम्बिकापुर में उप पुलिस अधीक्षक (डीएसपी-यातायात) के महत्वपूर्ण पद पर पदस्थ किया गया है। उनके साथ अनुभवी एएसपी राजेश देवांगन की पदस्थापना से संभाग में पुलिसिंग का चेहरा बदलने और व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त करने की मजबूत उम्मीद जगी है।
डीएसपी डी.के. सिंह केवल एक नाम नहीं, बल्कि निष्पक्ष कार्यशैली, त्वरित निर्णय और जनता के बीच गहरी पैठ का प्रतीक माने जाते हैं। अपने लंबे सेवाकाल में उन्होंने जहां भी कार्य किया, वहां न केवल अपराधियों के हौसले पस्त किए, बल्कि आम नागरिकों के साथ सीधा संवाद स्थापित कर पुलिस और जनता के बीच भरोसे का सेतु तैयार किया। उनकी कार्यप्रणाली की सबसे बड़ी विशेषता यह रही है कि वे दफ्तर तक सीमित रहने के बजाय स्वयं जमीनी स्तर पर उतरकर हर मोर्चे की निगरानी करते हैं।
डी.के. सिंह का सरगुजा और आसपास के क्षेत्रों से पुराना व आत्मीय नाता रहा है। वे इस अंचल की हर भौगोलिक स्थिति, संवेदनशील क्षेत्रों और सामाजिक नब्ज से भली-भांति वाकिफ हैं। उनके पिछले कार्यकाल का ट्रैक रिकॉर्ड उनकी प्रशासनिक दक्षता की गवाही देता है-
वर्ष 2004–2005: थाना प्रभारी (टीआई), थाना सूरजपुर
वर्ष 2005–2006: थाना प्रभारी (टीआई), अम्बिकापुर कोतवाली
वर्ष 2010–2011: थाना प्रभारी (टीआई), थाना भैयाथान
वर्ष 2011–2013: थाना प्रभारी (टीआई), सूरजपुर कोतवाली
वर्ष 2016–2019: नगर पुलिस अधीक्षक (सीएसपी), सूरजपुर
अपने हर कार्यकाल में उन्होंने जुआ, सट्टा, नशा तस्करी और असामाजिक तत्वों के नेटवर्क को ध्वस्त करने में निर्णायक भूमिका निभाई।
अम्बिकापुर शहर में बढ़ती जनसंख्या और वाहनों के दबाव के बीच यातायात का व्यवस्थित संचालन एक बड़ी चुनौती रहा है। डीएसपी ट्रैफिक के रूप में डी.के. सिंह की पदस्थापना से उम्मीद की जा रही है कि शहर की चरमराती ट्रैफिक व्यवस्था को जल्द पटरी पर लाया जाएगा। अतिक्रमणकारियों और ट्रैफिक नियमों की अनदेखी करने वालों पर सख्त कार्रवाई के साथ-साथ सुगम और सुरक्षित आवागमन के लिए ठोस योजनाएं देखने को मिलेंगी।
पिछले कुछ समय से संभाग में कानून-व्यवस्था और बेसिक पुलिसिंग को लेकर उठ रहे सवालों के बीच डी.के. सिंह और एएसपी राजेश देवांगन की सक्रिय जोड़ी ने पुलिस विभाग में नई ऊर्जा का संचार किया है। आम नागरिकों और व्यापारियों का मानना है कि ऐसे जमीनी और दबंग अफसरों की मौजूदगी से न केवल अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगेगा, बल्कि सरगुजा में एक बार फिर ‘कानून के खौफ’ और ‘जनता की सुरक्षा’ का स्वर्णिम दौर लौटेगा।
