रायपुर। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु आज से छत्तीसगढ़ के दो दिवसीय ऐतिहासिक प्रवास पर हैं। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के विशेष आमंत्रण पर आयोजित इस दौरे के दौरान वे राजधानी रायपुर सहित बस्तर के सांस्कृतिक व पारंपरिक आयोजनों में सहभागिता करेंगी। जनजातीय गौरव और क्षेत्रीय विकास के दृष्टिकोण से इस प्रवास को राज्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, राष्ट्रपति आज सुबह 11:15 बजे रायपुर एयरपोर्ट पहुँचकर सीधे लोक भवन के लिए प्रस्थान करेंगी। यहाँ वे दोपहर 12:45 बजे पूज्य माता हासी देवी जी के पावन स्मरण में ₹200 का विशेष स्मारक सिक्का और डाक टिकट जारी करेंगी।
इसके उपरांत, शाम 4:00 बजे बुढ़ापारा स्थित बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में नुआखाई पर्व के उपलक्ष्य में आयोजित ‘सेवा सम्मान एवं युवा प्रबोधन कार्यक्रम’ में वे मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगी। लगभग चार हजार युवाओं की मौजूदगी वाले इस गरिमामयी समारोह में राज्यपाल रमेन डेका, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, राज्य मंत्रिमंडल के सदस्य, सांसद और विधायक विशेष रूप से उपस्थित रहेंगे।
दौरे के दूसरे दिन, यानी 23 अक्टूबर की सुबह राष्ट्रपति बस्तर संभाग के मुख्यालय जगदलपुर पहुँचेंगी। वहाँ वे सुबह 11:00 बजे बस्तर की आराध्य देवी माँ दंतेश्वरी मंदिर में विधि-विधान से दर्शन व पूजा-अर्चना कर प्रदेश की समृद्धि की कामना करेंगी।
इसके बाद दोपहर 12:45 बजे वे सिरहासार भवन पहुँचकर विश्वप्रसिद्ध बस्तर दशहरा के सबसे महत्वपूर्ण और पारंपरिक अंग ‘मुरिया दरबार’ में शामिल होंगी। इस ऐतिहासिक मंच पर वे पारंपरिक आदिवासी नेतृत्व (मांझी-चालकी) और जनप्रतिनिधियों से सीधा संवाद कर बस्तर की समृद्ध जनजातीय विरासत से रूबरू होंगी। तदुपरांत, वे लालबाग मैदान में आयोजित एक विशाल जनसभा को संबोधित करेंगी और स्थानीय लोक कला व शिल्पकला की प्रदर्शनी का अवलोकन करेंगी।
महामहिम के आगमन को लेकर रायपुर और जगदलपुर में सुरक्षा के पुख्ता बंदोबस्त किए गए हैं तथा पूरा प्रशासनिक अमला अलर्ट मोड पर है। यह दौरा न केवल प्रशासनिक रूप से अहम है, बल्कि बस्तर के गौरवशाली इतिहास और जनजातीय संस्कृति को राष्ट्रीय पटल पर एक नई पहचान देने वाला सिद्ध होगा।
