रायगढ़। छत्तीसगढ़ की रायगढ़ पुलिस ने मध्य भारत के सबसे बड़े ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा नेटवर्क के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी और निर्णायक कार्रवाई की है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) शशि मोहन सिंह के नेतृत्व में पुलिस की विशेष टीम ने सीधे गोवा में दबिश देकर कुख्यात “मन्नू नथानी” गैंग के पूरे सिंडिकेट को ध्वस्त कर दिया है। पुलिस ने गोवा में एक आलीशान किराए के विला पर छापा मारकर छह बड़े सट्टा संचालकों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है, जिनमें अमित मित्तल, मोहित सोमानी और बाबू खंडेलवाल जैसे बड़े नाम शामिल हैं। पुलिस की इस अप्रत्याशित दबिश से अंतरराज्यीय सट्टा कारोबारियों में हड़कंप मच गया है।
जांच में यह बात सामने आई है कि यह पूरा सिंडिकेट हूबहू कुख्यात महादेव सट्टा ऐप की तर्ज पर चलाया जा रहा था। चालू क्रिकेट सीजन के दौरान इस नेटवर्क द्वारा 100 करोड़ रुपये से अधिक के हवाला लेनदेन के पुख्ता सुराग पुलिस के हाथ लगे हैं। छापे के दौरान पुलिस ने मौके से भारी मात्रा में मोबाइल फोन, लैपटॉप और अन्य डिजिटल साक्ष्य जब्त किए हैं। शुरुआती तकनीकी विश्लेषण से पता चला है कि आरोपी बेहद सुरक्षित कॉलिंग ऐप्स, एपीके (APK) बेस्ड प्रतिबंधित टीवी चैनल्स और सीक्रेट बेटिंग आईडी के जरिए इस पूरे अवैध कारोबार को ऑपरेट कर रहे थे, ताकि कानून की नजरों से बचा जा सके।
इस कार्रवाई के बाद सट्टा सिंडिकेट के अप-लिंक और इसके पीछे काम करने वाले बड़े आर्थिक चैनलों पर पुलिस की पैनी नजर है। शुरुआती पूछताछ में इस नेटवर्क के तार रायगढ़, रायपुर, सक्ती और नागपुर जैसे शहरों से सीधे जुड़े होने की पुष्टि हुई है, जिसके बाद पुलिस ने इन शहरों में भी अपनी जांच का दायरा तेज कर दिया है। रायगढ़ पुलिस अब इस गिरोह के पूरे हवाला नेटवर्क और वित्तीय लेन-देन की कड़ियों को जोड़ने में जुट गई है। इस बड़ी कामयाबी पर एसएसपी शशि मोहन सिंह ने साफ किया है कि मध्य भारत के इस सट्टा नेटवर्क पर यह पुलिस का निर्णायक प्रहार है। उन्होंने चेतावनी दी है कि ऑनलाइन सट्टा माफिया के पूरे नेटवर्क को जड़ से खत्म करना ही रायगढ़ पुलिस का मुख्य लक्ष्य है और आने वाले दिनों में भी यह कार्रवाई इसी तरह जारी रहेगी।
