नई दिल्ली। संसद के उच्च सदन में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) का कुनबा लगातार सिकुड़ता जा रहा है। गुरुवार को पार्टी को उस वक्त एक और बड़ा सियासी झटका लगा, जब राज्यसभा सांसद प्रकाश चिक बड़ाईक ने अचानक अपने पद से इस्तीफा दे दिया। बड़ाईक ने राज्यसभा सचिवालय को अपना त्यागपत्र सौंपते हुए इसे तत्काल प्रभाव से मंजूर करने का आग्रह किया है।
अपने संक्षिप्त इस्तीफे में उन्होंने कार्यकाल के दौरान मिले सहयोग के लिए उपसभापति और सचिवालय के स्टाफ का आभार तो जताया, लेकिन इस अप्रत्याशित कदम के पीछे के राजनीतिक या व्यक्तिगत कारणों का कोई जिक्र नहीं किया। अब सचिवालय इस इस्तीफे से जुड़ी संवैधानिक और प्रक्रियागत औपचारिकताओं को पूरा करने में जुट गया है।
यह इस्तीफा टीएमसी के लिए कोई नया घाव नहीं है, बल्कि हाल के दिनों में पार्टी के भीतर गहराते असंतोष की कड़ियों का अगला हिस्सा है। इससे पहले सुष्मिता देव और सुखेंदु शेखर रॉय जैसे कद्दावर चेहरे भी राज्यसभा और पार्टी से नाता तोड़ चुके हैं। दिग्गजों के इस तरह बारी-बारी से साथ छोड़ने के चलते उच्च सदन में ममता बनर्जी की पार्टी की ताकत घटकर अब महज 10 सांसदों की रह गई है।
प्रकाश चिक बड़ाईक के इस कदम ने राजनीतिक गलियारों में कयासों का बाजार गर्म कर दिया है, हालांकि इस पूरे घटनाक्रम पर टीएमसी नेतृत्व ने फिलहाल रहस्यमयी चुप्पी साध रखी है और कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।
