सूरजपुर। जिले के भैयाथान ब्लॉक अंतर्गत ग्राम पंचायत सोनपुर (सु) स्थित शासकीय हाई स्कूल में लंबे समय से व्याप्त गंभीर पेयजल समस्या का अंत आखिरकार क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों की संवेदनशीलता से हो गया है। स्कूल परिसर में नया हैंडपंप स्थापित होने से न केवल सैकड़ों छात्र-छात्राओं को राहत मिली है, बल्कि पूरे क्षेत्र में खुशी की लहर है।
इस पूरे समाधान के पीछे क्षेत्र की लोकप्रिय जनपद सदस्य कान्ति देवी सिंह मार्को और उनके प्रतिनिधि महेंद्र सिंह मार्को की विशेष सक्रियता रही है, जिनके निरंतर प्रयासों ने शासन-प्रशासन को इस समस्या पर त्वरित कार्रवाई के लिए प्रेरित किया। ज्ञात हो कि स्कूल का पुराना बोर धंस जाने के कारण महीनों से बच्चे प्यास बुझाने के लिए स्कूल से बाहर जाने को मजबूर थे, जिससे उनकी सुरक्षा और शिक्षा दोनों प्रभावित हो रही थी।
जैसे ही यह समस्या जनपद सदस्य कान्ति देवी सिंह मार्को के संज्ञान में आई, उन्होंने इसे अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता में रखा। उन्होंने न केवल व्यक्तिगत रूप से स्थिति का मुआयना किया, बल्कि अपने पुत्र और जनपद सदस्य प्रतिनिधि महेंद्र सिंह मार्को (जिला उपाध्यक्ष, भाजपा अजजा मोर्चा) के माध्यम से लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारियों पर लगातार दबाव बनाया।
महेंद्र सिंह मार्को ने विभागीय इंजीनियरों से समन्वय कर तत्काल नया बोर खनन सुनिश्चित करने की कार्ययोजना तैयार करवाई। जनप्रतिनिधियों की इसी तत्परता का परिणाम रहा कि मामला ठंडे बस्ते में जाने के बजाय सीधे कैबिनेट मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े तक पहुँचा। मंत्री राजवाड़े ने भी अपने क्षेत्र के प्रतिनिधियों की मांग और बच्चों की समस्या को देखते हुए तत्काल अधिकारियों को निर्देशित किया, जिसके बाद मात्र एक माह के भीतर हैंडपंप खनन का कार्य पूर्ण कर लिया गया।
स्थानीय ग्रामीणों और स्कूल प्रबंधन का कहना है कि जनपद सदस्य कान्ति देवी सिंह मार्को का कार्य करने का तरीका अन्य जनसेवकों के लिए मिसाल है। उन्होंने कागजी कार्रवाई से लेकर मौके पर काम शुरू होने तक लगातार मॉनिटरिंग की। स्कूल की प्राचार्य मिनी पाणिकर ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि जनपद सदस्य और उनके प्रतिनिधि ने बच्चों के दर्द को अपना समझा और उसे दूर करने में कोई कसर नहीं छोड़ी।
वहीं ग्राम पंचायत सोनपुर (सु) के सरपंच छोटेलाल सिंह पैकरा और एसएमडीसी अध्यक्ष शिवनाथ पैकरा ने कहा कि यह सफलता जनपद सदस्य की कार्यकुशलता और प्रदेश की कैबिनेट मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े के कुशल नेतृत्व का प्रमाण है। आज जब स्कूल में शुद्ध पेयजल की धारा फूट रही है, तो इसका पूरा श्रेय इन जनप्रतिनिधियों की जनहितैषी सोच को जाता है। ग्रामीणों ने एक स्वर में कहा कि क्षेत्र को ऐसे ही कर्मठ और संवेदनशील नेतृत्व की आवश्यकता है जो जमीनी समस्याओं को हल करने में विश्वास रखते हों।
