गरियाबंद। छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में तेंदुए के बढ़ते आतंक से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। जिले में पिछले 24 घंटों के भीतर तेंदुए ने दो बच्चों पर हमला कर उन्हें अपना शिकार बनाने की कोशिश की है। ताजा मामला पटोरा इलाके का है, जहां एक आदमखोर तेंदुए ने घर के आंगन से 5 साल की मासूम बच्ची, कोनिका को दबोच लिया और उसे उठाने की कोशिश की। बच्ची की चीख सुनते ही उसके माता-पिता ने अपनी जान की परवाह न करते हुए बहादुरी दिखाई और तेंदुए के पीछे दौड़ पड़े।
परिजनों के शोर और अदम्य साहस के आगे आखिरकार तेंदुए को पीछे हटना पड़ा और वह बच्ची को छोड़कर जंगल की ओर भाग निकला। हमले में गंभीर रूप से घायल बच्ची को तुरंत गरियाबंद जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां से प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए उसे रायपुर रेफर कर दिया गया है।
इस घटना से ठीक एक दिन पहले, कुछ ही दूरी पर स्थित चट्टान पारा में भी तेंदुए ने एक 10 साल के बच्चे पर हमला कर उसे उठाने का प्रयास किया था। लगातार 24 घंटे के भीतर हुए इन दो हमलों ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय ग्रामीणों का दावा है कि दोनों घटनाओं को अंजाम देने वाला तेंदुआ एक ही है। इस सिलसिलेवार हमले के बाद से पूरे क्षेत्र में भारी खौफ पसरा हुआ है।
घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंच चुकी है और स्थिति पर नजर रखे हुए है, लेकिन इलाके में अब भी डर का माहौल बना हुआ है और लोग घरों से बाहर निकलने में कतरा रहे हैं।
