रायगढ़। छत्तीसगढ़ सरकार ने रायगढ़ जिले के अन्नदाताओं को बड़ी सौगात देते हुए 7 नए धान उपार्जन केंद्र खोलने की औपचारिक मंजूरी दे दी है। इस फैसले से ग्रामीण अंचल के सैकड़ों किसानों को अब अपनी उपज बेचने के लिए दूर की मंडियों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। घर के नजदीक ही धान विक्रय की सुविधा मिलने से किसानों के कीमती समय के साथ-साथ परिवहन पर होने वाले अतिरिक्त खर्च में भी सीधी बचत होगी।
प्रशासन द्वारा जारी योजना के तहत धरमजयगढ़ विकासखंड के मुनुंद, तमनार विकासखंड के खुरुषलेंगा तथा पुसौर विकासखंड के झलमला, लोहरसिंग, नंदेली, ओडेकेरा एवं नावापारा-अ में ये नवीन उपार्जन केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं। जिले में बीते खरीफ वर्ष के दौरान 79 सेवा सहकारी समितियों के अधीन 105 उपार्जन केंद्र संचालित थे, जो अब इन 7 नए केंद्रों के जुड़ने से बढ़कर कुल 112 हो जाएंगे।
कलेक्टर ने मंगलवार देर शाम समीक्षा बैठक कर सभी नवीन केंद्रों में धान खरीदी से जुड़ी तैयारियां समय-सीमा के भीतर पूरी करने के सख्त निर्देश दिए हैं। शासन के निर्देशानुसार इन केंद्रों पर किसानों के सुगम अनुभव के लिए बायोमेट्रिक फिंगरप्रिंट डिवाइस, नमी मापक यंत्र, इलेक्ट्रॉनिक कांटे, कंप्यूटर-प्रिंटर और पावर बैकअप के लिए जनरेटर की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है। साथ ही उपार्जन स्थलों पर पेयजल, सुगम पहुंच मार्ग और पर्याप्त भंडारण क्षमता के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं ताकि किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
