– शहर के प्रमुख स्थलों की सुरक्षा पर सवाल, असामाजिक तत्वों ने बिजली केबल को बनाया निशाना; आखिर कब जागेगा जिम्मेदार विभाग?
जांजगीर-चांपा। शहर में चोरों के हौसले इस कदर बुलंद होते नजर आ रहे हैं कि अब शहर के प्रमुख मार्गों और सार्वजनिक स्थलों की बिजली व्यवस्था भी सुरक्षित नहीं रह गई है। कलेक्टरेट रोड, भीमा तालाब और संस्कृति भवन क्षेत्र में बिजली की केबल चोरी होने से इन स्थानों पर अंधेरा छाने की स्थिति बन गई है। असामाजिक तत्वों द्वारा बिजली केबल को निशाना बनाए जाने की घटना ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था और जिम्मेदार विभागों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
कलेक्टरेट रोड शहर का महत्वपूर्ण मार्ग है, जहां से अधिकारियों, कर्मचारियों और आम नागरिकों का लगातार आना-जाना लगा रहता है। इसके बावजूद इस मार्ग पर बिजली केबल की चोरी होना और प्रकाश व्यवस्था प्रभावित होना चिंता का विषय है। वहीं, शहर के प्रमुख सार्वजनिक स्थलों में शामिल भीमा तालाब और संस्कृति भवन क्षेत्र में भी अंधेरा होने से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान, खामियाजा भुगत रहे शहरवासी
बिजली केबल की चोरी केवल सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका सीधा असर आम नागरिकों की सुविधा और सुरक्षा पर भी पड़ता है। रात के समय सड़कों और सार्वजनिक स्थलों पर पर्याप्त रोशनी नहीं होने से दुर्घटनाओं, असामाजिक गतिविधियों और अन्य अप्रिय घटनाओं की आशंका बढ़ सकती है। ऐसे में सवाल उठता है कि शहर के महत्वपूर्ण स्थानों पर बिजली व्यवस्था को सुरक्षित रखने के लिए आखिर क्या इंतजाम किए गए हैं?
यदि केबल चोरी की घटनाओं पर समय रहते अंकुश नहीं लगाया गया, तो सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले तत्वों के हौसले और बढ़ सकते हैं। जरूरत इस बात की है कि चोरी की घटनाओं की गंभीरता से जांच हो और जिम्मेदार लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
