अम्बिकापुर। कानून व्यवस्था और सुरक्षा का जिम्मा संभालने वाली पुलिस का एक बेहद गैर-जिम्मेदाराना और चौंकाने वाला चेहरा सरगुजा जिले में सामने आया है। दुर्ग जिले से एक कैदी को अम्बिकापुर सेंट्रल जेल दाखिल कराने पहुंचे दो पुलिसकर्मी एक सहायक उपनिरीक्षक (ASI) और एक आरक्षक प्रतीक्षा बस स्टैंड के पास शराब के भारी नशे में बेसुध पड़े मिले। सुरक्षा में चूक की पराकाष्ठा तब देखने को मिली जब सरकारी सर्विस इंसास राइफल उनके पास खुलेआम लावारिस हालत में जमीन पर पड़ी मिली, जिस पर किसी भी राहगीर या असमाजिक तत्व की नजर पड़ सकती थी।
बस स्टैंड जैसे भीड़भाड़ वाले संवेदनशील सार्वजनिक इलाके में दो खाकी वर्दीधारियों को इस हालत में और लोडेड हथियार को असुरक्षित देखकर आसपास के लोगों में हड़कंप मच गया। स्थानीय नागरिकों ने बिना देर किए फौरन इसकी सूचना बस स्टैंड पुलिस सहायता केंद्र को दी। मौके पर पहुंची स्थानीय पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सबसे पहले जमीन पर पड़ी इंसास राइफल को जब्त कर सुरक्षित किया।
शासकीय हथियार की इस तरह खुली अनदेखी और ड्यूटी के दौरान घोर अनुशासनहीनता का मामला सामने आते ही पुलिस महकमे के आला अधिकारी हरकत में आ गए हैं। सरगुजा और दुर्ग दोनों जिलों के पुलिस अधीक्षकों (SP) ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए इस पर तत्काल कड़ा संज्ञान लिया है।
