बलरामपुर। छत्तीसगढ़ में बलरामपुर जिले के सामरीपाठ थाना क्षेत्र अंतर्गत सेरेंगदाग गांव में पारंपरिक करमा पूजा के उल्लास के बीच हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। मामूली कहासुनी के बाद एक युवक पर टांगी (कुल्हाड़ी) से जानलेवा हमला करने के आरोपी उदय नगेसिया को पुलिस ने बुधवार को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। हमले में गंभीर रूप से घायल युवक का उपचार अस्पताल में जारी है।
पुलिस के अनुसार, घटना 22 सितंबर की सुबह करीब 9 बजे सेरेंगदाग गांव के करमा अखरा में घटी, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीण पूजा उत्सव के लिए एकत्रित थे। इसी दौरान उदय नगेसिया और शीतल नगेसिया के बीच अचानक विवाद शुरू हो गया। उपस्थित ग्रामीणों ने बीच-बचाव कर मामले को शांत कराया और शीतल को सकुशल उनके घर पहुंचा दिया।
विवाद शांत होने के कुछ ही देर बाद उदय गुस्से में अपने घर से टांगी लेकर लौटा और शीतल के पुत्र गेड़वा उर्फ भोटना नगेसिया पर टूट पड़ा। आरोपी ने भोटना की गर्दन के निचले हिस्से और पीठ पर टांगी से ताबड़तोड़ वार कर गहरे जख्म कर दिए। इससे पहले कि वह दोबारा वार करता, मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए उसे दबोच लिया।
घटना के संबंध में सुनील कुमार की लिखित शिकायत पर सामरीपाठ थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 109 (हत्या का प्रयास) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया। थाना प्रभारी उप निरीक्षक विजय कुमार दुबे के नेतृत्व में पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी उदय नगेसिया को हिरासत में लिया। इस कार्रवाई में सहायक उप निरीक्षक आनंद मसीह तिर्की सहित आरक्षक अजय कुमार, संजय पटेल और ओमकार रजक की सक्रिय भूमिका रही।
