सूरजपुर। जिले के प्रेमनगर विधायक भूलन सिंह के जन्मदिन के जलसे ने प्रशासनिक निष्पक्षता की धज्जियां उड़ाकर रख दी हैं। सत्ता के रसूख में डूबे इस आयोजन की जो तस्वीरें और वीडियो सामने आए हैं, वे सरकारी तंत्र और राजनीतिक गलियारे के बीच की धुंधली होती लक्ष्मण रेखा को साफ बयां कर रहे हैं।
इस जश्न में आम जनता के सेवक कहे जाने वाले अधिकारी अपनी वर्दी और ओहदे की गरिमा को खूंटी पर टांगकर ‘दरबारी’ की भूमिका में नजर आए। सोशल मीडिया पर जंगल की आग की तरह फैले इस वीडियो में तहसीलदार, पुलिसकर्मी और पीडब्ल्यूडी से लेकर शिक्षा विभाग के आला अधिकारी सुर में सुर मिलाकर समां बांधते दिख रहे हैं।
हैरत की बात यह है कि जहां एक ओर लोकसेवकों से निष्पक्षता की उम्मीद की जाती है, वहीं शिक्षा विभाग के बीआरसी महोदय ने तो चाटुकारिता की सारी हदें पार करते हुए सार्वजनिक रूप से विधायक के पैर छूकर आशीर्वाद लिया। कार्यकर्ताओं की भीड़ से ज्यादा अधिकारियों की मौजूदगी वाले इस ‘राजनीतिक कॉकटेल’ ने जिले में नई बहस छेड़ दी है।
जब कानून के रखवाले और व्यवस्था के संचालक ही किसी एक दल या नेता के रंग में रंगे नजर आएंगे, तो आम आदमी के लिए निष्पक्ष न्याय की उम्मीद बेमानी हो जाती है। सुरों की इस महफिल और पैर छूने की इस ‘मर्यादाहीन’ संस्कृति पर अब जनता और विपक्षी गलियारों से तीखी प्रतिक्रियाएं आ रही हैं, जो सीधे तौर पर शासन की साख पर सवालिया निशान खड़ा करती हैं।
