अम्बिकापुर/अनिल उपाध्याय. सरगुजा जिले के सीतापुर क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत पेंट में सामुदायिक भवन निर्माण के लिए स्वीकृत राशि के गबन का गंभीर मामला सामने आया है. आरोप है कि पूर्व विधायक द्वारा मुस्लिम समाज की मांग पर सामुदायिक भवन निर्माण हेतु दी गई विधायक निधि की राशि को सरपंच और सचिव ने मिलकर आहरित कर लिया, लेकिन वर्षों बीत जाने के बाद भी भवन निर्माण कार्य शुरू नहीं कराया गया. इस मामले को लेकर मुस्लिम समाज में भारी आक्रोश व्याप्त है और उन्होंने जनपद पंचायत के सीईओ को ज्ञापन सौंपकर जांच एवं कार्रवाई की मांग की है.
प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम पेंट के मुस्लिम समाज की मांग पर लगभग दो वर्ष पूर्व तत्कालीन विधायक अमरजीत भगत द्वारा विधायक मद से सामुदायिक भवन निर्माण के लिए 2 लाख 60 हजार रुपये की राशि स्वीकृत कराई गई थी. राशि स्वीकृत होकर ग्राम पंचायत के खाते में पहुंचते ही सरपंच-सचिव द्वारा कथित तौर पर 2 लाख रुपये का आहरण कर लिया गया. इसके बाद विधानसभा चुनाव की अधिसूचना लागू होने से निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका, लेकिन चुनाव समाप्त होने और अधिसूचना हटने के बाद भी निर्माण कार्य आगे नहीं बढ़ाया गया.
बताया जा रहा है कि समय बीतने के साथ जब मुस्लिम समाज ने बार-बार निर्माण कार्य शुरू करने को लेकर सरपंच से सवाल किए, तो वह लगातार टालमटोल करता रहा और विभिन्न बहाने बनाकर बात टालता रहा. दो साल से अधिक समय गुजरने के बाद भी सामुदायिक भवन का निर्माण शुरू नहीं होने से मुस्लिम समाज में असंतोष बढ़ता गया. अंततः ग्राम पंचायत में आयोजित बैठक के दौरान मुस्लिम समाज ने सरपंच-सचिव से निर्माण कार्य की स्थिति और आय-व्यय का पूरा विवरण मांगा.
बैठक के दौरान जानकारी मांगने पर शुरुआत में सरपंच और सचिव ने स्पष्ट जवाब देने से बचने की कोशिश की, लेकिन दबाव बढ़ने पर सरपंच ने स्वीकार किया कि सामुदायिक भवन निर्माण के नाम पर 2 लाख रुपये पहले ही निकाले जा चुके हैं. सरपंच द्वारा राशि आहरण की बात सामने आते ही मुस्लिम समाज के लोगों ने कड़ी नाराजगी जताई और इसे सीधा भ्रष्टाचार करार दिया.
इस पूरे मामले में इस्लामिया अंजुमन कमेटी पेंट के सदर जाकिर खान ने कहा कि राशि निकालने के बावजूद निर्माण कार्य शुरू न कराना गंभीर भ्रष्टाचार की श्रेणी में आता है. उन्होंने आरोप लगाया कि सरपंच और सचिव ने मिलकर सामुदायिक भवन निर्माण की राशि का गबन किया है. इसी के चलते समाज के प्रतिनिधियों ने सीईओ जनपद पंचायत मैनपाट को ज्ञापन सौंपकर पूरे मामले की जांच कराने और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है.
