गौरेला-पेंड्रा-मरवाही. छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में बोर्ड परीक्षा के खराब प्रदर्शन को लेकर जिला प्रशासन अब पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहा है. आगामी हाई स्कूल और हायर सेकेंडरी बोर्ड परीक्षाओं की तैयारियों के बीच शिक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जिले के 9 स्कूलों के शिक्षकों और प्राचार्यों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है. आरोप है कि इन स्कूलों में छात्रों के मूल्यांकन टेस्ट, शिक्षकीय दायित्व और कक्षा शिक्षण में लापरवाही बरती जा रही थी.
जानकारी के अनुसार कलेक्टर के निर्देश पर जिला शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी ने पेंड्रा और मरवाही विकासखंड के विभिन्न शासकीय हाई स्कूल एवं हायर सेकेंडरी स्कूलों का औचक निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने कुड़कई, निमधा, अनडी, मडवाही समेत कई स्कूलों में पढ़ाई की स्थिति, विषयवार शिक्षण, टेस्ट मूल्यांकन और शिक्षण गुणवत्ता का जायजा लिया. निरीक्षण के दौरान कई जगहों पर गंभीर कमियां सामने आईं, जिसके बाद संबंधित शिक्षकों और प्राचार्यों को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया गया है.
दरअसल, जिले में पिछले वर्ष बोर्ड परीक्षा का परिणाम अपेक्षा के अनुरूप नहीं रहा था. इस पर कलेक्टर ने नाराजगी जाहिर करते हुए शिक्षा विभाग को स्पष्ट निर्देश दिए थे कि इस बार परीक्षा परिणाम में सुधार लाने के लिए ठोस कार्ययोजना तैयार की जाए. इसी कड़ी में स्कूलों का लगातार निरीक्षण कर कक्षाओं में पढ़ाई के स्तर की समीक्षा की जा रही है.
जिला शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी ने स्पष्ट किया है कि यदि शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार नहीं हुआ तो आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी. गौरतलब है कि 21 फरवरी से शुरू होने वाली बोर्ड परीक्षाओं को लेकर जिले में शत-प्रतिशत परिणाम का लक्ष्य तय किया गया है, जिसके लिए शिक्षकों की बैठकें आयोजित कर आवश्यक दिशा-निर्देश भी जारी किए जा चुके हैं.
बताया जा रहा है कि नोटिस जारी किए गए स्कूलों में पढ़ाई और मूल्यांकन व्यवस्था को लेकर कई तरह की अनियमितताएं सामने आई हैं। अब संबंधित शिक्षकों और प्राचार्यों को निर्धारित समयसीमा में जवाब प्रस्तुत करना होगा, अन्यथा विभागीय कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।
