बलरामपुर..(कृष्णमोहन कुमार)…प्रतापपुर से भाजपा विधायक शकुंतला पोर्ते की परेशानी कम होने का नाम नही ले रही है..विधायक के जाति प्रकरण पर आज जिलास्तरीय सत्यापन समिति के समक्ष सुनवाई हुई..जिसमें विधायक की ओर से सत्यापन समिति के सुनवाई के क्षेत्राधिकार को लेकर लगाई गई आपत्ति को सत्यापन समिति ने खारिज कर दिया है..और अब जाति प्रकरण में 17 मार्च को सुनवाई होगी..इस दौरान विधायक शकुंतला पोर्ते की जाति प्रमाण पत्र से संबंधित दस्तावेज समिति के समक्ष पेश करने होंगे!..
बता दे की आदिवासी नेता धनसिंह धुर्वे ने हाईकोर्ट में विधायक के जाति प्रमाण पत्र के संबंध में याचिका लगाई है..और हाईकोर्ट के निर्देश पर जिलास्तरीय सत्यापन समिति में हो रही जाति प्रकरण के सुनवाई में विधायक पक्ष के अधिवक्ताओं ने तर्क रखा था की यह सुनवाई विधायक की विधायकी को लेकर है..जिसपर दोनों पक्षों में पिछली सुनवाई के दौरान बहस हुई थी..और विधायक के अधिवक्ताओं ने आपत्ति दर्ज कराई थी..वही आज सत्यापन समिति ने विधायक पक्ष की आपत्ति को खारिज करते हुए..सुनवाई के लिये 17 मार्च की तिथि निर्धारित कर दी है..
इधर आदिवासी समाज के अधिवक्ताओं का तर्क है कि उन्होंने विधायक की विधायकी को लेकर याचिका दायर नही की है..उन्होंने विधायक के जाति प्रमाण पत्र के संबंध में याचिका लगाई गई है..और सत्यापन समिति जाति प्रमाण पत्र के संबंध में ही सुनवाई कर रही है!..
बहरहाल जाति प्रकरण की सुनवाई ने एक बार फिर सियासी फिजा में निर्वाचन शून्य घोषित करने जैसी अनौपचारिक परिस्थितियां खड़ी कर दी है..और जैसे – जैसे सुनवाई की तारीखों का ऐलान होता है..वैसे ही लोगों में प्रकरण का नतीजा जानने की ललक पैदा हो जाती है..लेकिन इस बार भी हर बार की तरह ही तारीख बढ़ा दी गई है..ऐसे में अब देखने वाली बात है कि अगली सुनवाई में दोनों पक्ष के अधिवक्ता क्या नया तर्क रखते है!.
