– 178 फंदे जब्त, जंगल में बिछाया गया था जाल, वन विभाग की कार्रवाई तेज
धमतरी। उदंती-सीतानदी टाइगर रिजर्व क्षेत्र में वन्यप्राणियों के शिकार की बड़ी साजिश को वन विभाग की टीम ने समय रहते नाकाम कर दिया। गश्त के दौरान वन विभाग ने ओडिशा से आए चार शिकारियों को मौके से गिरफ्तार किया है, जबकि तीन आरोपी फरार होने में सफल रहे। पकड़े गए आरोपियों के कब्जे से भारी मात्रा में शिकार के लिए लगाए गए फंदे भी बरामद किए गए हैं।
वन विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार, 17 फरवरी को वन्यप्राणी शिकार और वन अपराध रोकने के लिए गौरगांव सर्कल अंतर्गत वन परिसर गौरगांव में नियमित गश्त चल रही थी। इसी दौरान संरक्षित वन क्षेत्र के कक्ष क्रमांक 1153 में शिकार की मंशा से कुछ लोगों द्वारा फंदे लगाए जाने की सूचना मिली।
टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए जंगल में बिछाए गए तार फंदे 70 नग और कलच वायर फंदे 108 नग, कुल 178 फंदे जब्त किए। जांच में सामने आया कि ओडिशा के सात शिकारी इस क्षेत्र में घुसपैठ कर वन्यजीवों को पकड़ने की तैयारी में थे।
कार्रवाई के दौरान वन विभाग ने ओडिशा के चार आरोपियों को पकड़ लिया, जिनमें रूपधर मांझी (49 वर्ष) निवासी ग्राम फूलझड़ी, तहसील उमरकोट, जिला नबरंगपुर (ओडिशा), पुर्न सान्ता (31 वर्ष), भीमा सान्ता (39 वर्ष) और विश्वनाथ सान्ता (48 वर्ष) शामिल हैं। हालांकि मौके से तीन अन्य आरोपी फरार हो गए, जिनकी तलाश के लिए जंगल क्षेत्र में सर्च ऑपरेशन जारी है।
वन विभाग ने सभी गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ वन्यप्राणी संरक्षण कानून के तहत प्रकरण दर्ज कर उन्हें न्यायालय में प्रस्तुत किया। रिमांड प्रक्रिया के बाद आरोपियों को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी न्यायालय गरियाबंद के आदेशानुसार गरियाबंद जेल भेज दिया गया है।
