जशपुर. जिले के चौकी दोकड़ा क्षेत्र के एक गांव से नाबालिग छात्रा को बहला-फुसलाकर भगाने और उसे हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा ले जाकर दुष्कर्म करने वाले आरोपी जीजा को जशपुर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. मामले में अपहरण में सहयोग करने वाले सहआरोपी को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया है. आरोपियों के विरुद्ध चौकी दोकड़ा में भारतीय न्याय संहिता की धारा 137(2), 96, 64(1) तथा पॉक्सो एक्ट की धारा 6 के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया है.
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, 14 दिसंबर 2025 को चौकी दोकड़ा क्षेत्र के एक गांव के निवासी व्यक्ति ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी 15 वर्ष 10 माह की नाबालिग पुत्री, जो कक्षा 11वीं में अध्ययनरत है, 13 दिसंबर को अर्द्धवार्षिक परीक्षा देने स्कूल गई थी. परीक्षा के बाद जब वह अपनी पुत्री को लेने स्कूल पहुंचा तो बच्ची वहां नहीं मिली. सहेलियों से पूछताछ करने पर पता चला कि वह परीक्षा में शामिल ही नहीं हुई थी. आसपास और रिश्तेदारों के यहां तलाश के बावजूद कोई जानकारी नहीं मिलने पर अज्ञात व्यक्ति द्वारा बहला-फुसलाकर ले जाने की आशंका जताते हुए पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई गई, जिस पर मामला कायम कर विवेचना शुरू की गई.
विवेचना के दौरान 5 जनवरी 2026 को नाबालिग पीड़िता स्वयं परिजनों के साथ चौकी पहुंची. महिला पुलिस अधिकारी के माध्यम से न्यायालय में दिए गए कथन में पीड़िता ने बताया कि 13 दिसंबर 2025 को उसका जीजा रोहित कुमार सिदार अपने साथी ओमप्रकाश सिदार के साथ मोटरसाइकिल से उसके पास आया और किसी काम का बहाना बनाकर उसे मोटरसाइकिल में बैठाकर कोरबा ले गया. रात में रोहित कुमार ने उसे अपने एक रिश्तेदार के यहां ठहराया. अगले दिन ओमप्रकाश मोटरसाइकिल लेकर वापस चला गया, जबकि रोहित कुमार पीड़िता को ट्रेन से जालंधर होते हुए हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा ले गया. वहां उसने पीड़िता को पत्नी बताकर एक तंबू में रखा, जहां वह स्वयं राजमिस्त्री का काम करता था और पीड़िता से मजदूरी करवाई जाती थी. इसी दौरान आरोपी ने शादी का झांसा देकर नाबालिग से करीब पांच-छह दिनों तक दुष्कर्म किया.
पीड़िता के बयान के आधार पर मामले में दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट की धाराएं जोड़ी गईं. प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी जशपुर शशि मोहन सिंह के निर्देश पर चौकी प्रभारी दोकड़ा उप निरीक्षक अशोक यादव के नेतृत्व में पुलिस टीम ने आरोपियों की तलाश शुरू की. मुखबिर की सूचना पर आरोपी रोहित कुमार सिदार को उसके घर से दबिश देकर गिरफ्तार किया गया. पूछताछ में उसने अपराध स्वीकार किया, वहीं घटना में प्रयुक्त पल्सर मोटरसाइकिल को भी जप्त किया गया.
जांच में यह भी सामने आया कि सहआरोपी ओमप्रकाश सिदार ने पीड़िता के नाबालिग होने की जानकारी होने के बावजूद परिजनों को सूचना दिए बिना उसे भगाने में सक्रिय भूमिका निभाई थी. दोनों आरोपियों को 13 जनवरी 2026 को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है.
इस कार्रवाई में चौकी प्रभारी उप निरीक्षक अशोक यादव, सहायक उप निरीक्षक दिलबंधन भगत, प्रधान आरक्षक कृपा सिंधु तिग्गा सहित पुलिस टीम के अन्य सदस्यों की सराहनीय भूमिका रही.
एसएसपी शशि मोहन सिंह द्वारा कहा गया है कि ”महिला एवं बालिकाओं से जुड़े अपराधों के प्रति जशपुर पुलिस शून्य सहनशीलता की नीति पर कार्य कर रही है, चौकी दोकड़ा पुलिस द्वारा तत्परता, संवेदनशीलता एवं पेशेवर दक्षता का परिचय देते हुए दोनों आरोपियों को त्वरित रूप से गिरफ्तार किया गया है, महिला एवं बालिका की सुरक्षा, सम्मान एवं न्याय सुनिश्चित करना जशपुर पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है.“
