स्टूडेंट बने मुख्यमंत्री, आस्था के स्टूडेंट बने टीचर..अपने CM बड़े पापा को अपने बीच देखकर खुश हुए बच्चे

176
दंतेवाड़ा
आस्था विद्या मंदिर में बच्चों के साथ बैठकर मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह ने अटेंड की स्मार्ट क्लास – टीचर बने प्रकाश मरकाम को कहा- बहुत अच्छा पढ़ाते हो । मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने आज आस्था विद्या मंदिर में कक्षा छठवीं के छात्र-छात्राओं के साथ बैठकर स्मार्ट क्लास में पढ़ाई की, उनके साथ राज्य सभा सांसद डॉ सुभाष चंद्रा, स्कूल शिक्षा मंत्री केदार कश्यप एवं वन मंत्री महेश गागड़ा ने भी क्लास अटेंड की। इस क्लास की खासियत यह थी कि मास्टर की भूमिका निभा रहे प्रकाश मरकाम ने अपने स्टूटेंड मुख्यमंत्री को बड़े पापा कह कर संबोधित किया। मुख्यमंत्री ने कहा प्रकाश तुमने मुझे कमाल की पढ़ाई कराई , मुझे यहीं एडमिशन लेने की इच्छा हो रही है। मुख्यमंत्री ने साइंस लैब में बच्चों के बनाये मॉडल भी देखे, इनमें क्लास छठवी की छात्रा भूमिका ने लेंस का मॉडल मुख्यमंत्री को दिखाया।
डॉक्टर बनने के सवाल पर भूमिका ने कहा- मैं एक्टर बनना चाहती हूँ- 
भूमिका ने कहा कि आप तो खुद डॉक्टर हैं आप समझ सकते हैं कि किस प्रकार विज्ञान हमारे जीवन के हर पहलु को प्रभावित करता है। भूमिका की मेधा और हाजिरजवाबी से प्रभावित होकर मुख्यमंत्री ने कहा कि क्या तुम भविष्य में डॉक्टर बनना चाहती हो। भूमिका ने कहा कि मैं एक्टर बनना चाहती हूँ। मुख्यमंत्री ने कहा कि फिर तो तुम्हें डॉ. सुभाष चंद्रा जरूर मौका देंगे। बड़ी होकर उनसे मिलना और बताना कि मैं दंतेवाड़ा में आप से मिली थी। डॉ. सुभाष चंद्रा ने भूमिका की हाजिरजवाबी से खुश होकर कहा कि मुझे बहुत खुशी हुई कि यह बच्ची एक्टिंग करना चाहती है। आपने ऐसा स्कूल बनाया है जहाँ बच्चा अपनी स्वतंत्र सोच रखता है। थोपी हुई सोच नहीं। इस मुक्त वातावरण में बच्चों की प्रतिभा का स्वाभाविक विकास होता है।
एसेंबली में कहा कि अगली बार आऊँगा तो खूब गपशप करूँगा- 
मुख्यमंत्री ने कहा कि मुझे आपके साथ बहुत अच्छा लगता है। यहाँ एडमिशन लेकर आपके साथ पढ़ने की इच्छा होती है और अपना बचपन याद आता है। मैं किसी दिन आपके साथ पूरा दिन रूकूँगा। हम लोग साथ खाना खाएँगे। खूब गपशप करेंगे। आप लोग मन लगाकर पढ़ाई कीजिए आपको सफल होने से कोई नहीं रोक सकता।  आस्था प्राथमिक परिसर का लोकार्पण- मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर ४  करोड़ १९ लाख रुपए की लागत से बने आस्था प्राथमिक परिसर का लोकार्पण भी किया। यहाँ ३२० बच्चों की पढ़ाई की सुविधा है। इस अवसर पर कलेक्टर सौरभ कुमार ने एजुकेशन सिटी के संपूर्ण प्रोजेक्ट के बारे में उपस्थित अतिथियों को बताया। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कहा कि आधारिक संरचना की दृष्टि से और पढ़ाई की गुणवत्ता की दृष्टि से भी आस्था बेमिसाल है। कार्यक्रम के दौरान सचिव जनसंपर्क संतोष मिश्रा, बस्तर कमिश्नर दिलीप वासनीकर, बस्तर डीआईजी पी. सुंदरराज, जिला पंचायत सीईओ डॉ. गौरव सिंह एवं अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
सक्षम की बिटिया की इच्छा आकाश में उड़ान भरने की
अपने बडे पापा को अपने बीच देखकर खुश हुए बच्चे – मुख्यमंत्री ने कहा कि सक्षम के बच्चे बहुत प्रतिभाशाली, भरेंगे सफलता की उड़ान
मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह दिव्यांग बच्चों के लिए बनाए गए छत्तीसगढ़ के बाधारहित परिसर सक्षम में बच्चों से मिलने पहुँचे। अपने बड़े पापा को अपने बीच देखकर बच्चे खुशी से भर गए। बच्चों ने अपने सपनों, अपनी इच्छाओं की बातें मुख्यमंत्री से साझा की। किसी बच्चे ने कहा कि वो डॉक्टर बनना चाहती है। किसी ने कहा कि वो टीचर बनना चाहती हैं। एक छोटी सी बच्ची अतिशा ने कहा कि मैं हेलिकाप्टर में उड़ान भरना चाहती हूँ। मुख्यमंत्री जैसे ही स्वागत द्वार पर पहुँचे। उन्होंने स्वागत करने पहुँची बालिका जयंती से प्रश्न किया कि तुम क्या बनना चाहती हो। जयंती ने कहा कि मैं आपके जैसी डॉक्टर बनना चाहती हूँ।
अंजन को बताया कि तुम्हें पूरा देश जानता है- प्रधानमंत्री प्रवास के दौरान अंजन के गायन से प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी भी भावविभोर हो गए थे और उन्होंने गाने पर थाप दी थी। उस वाक्ये को याद करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अंजन क्या तुम जानते हो, तुम पूरे देश में प्रसिद्ध हो गए हो। अंजन ने इस बार मुख्यमंत्री की इच्छा पर जग घूमिया थारे जैसा न कोई गाना गाया। इससे डॉ. सुभाष चंद्रा भी बड़े प्रभावित हुए। उन्होंने कहा कि इतने प्रतिभाशाली बच्चों से मिलकर बहुत खुशी हो रही है। इसके बाद पार्वती ने डॉ. चंद्रा और मुख्यमंत्री से पूछा- आपको हमसे मिलकर कैसा लगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि मुझे आत्मविश्वास से भरे, स्नेह से भरे बच्चों से मिलकर बहुत खुशी होती है। जब आप लोग बड़े हो जाओगे तथा डॉक्टर, इंजीनियर कलेक्टर बनकर यहाँ अपने लोगों की सेवा करोगे तो मुझे और भी गहरी खुशी होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि आगे बढ़ने के लिए तुम्हें खूब पढ़ाई करनी होगी। इसके साथ ही अन्य गतिविधियों में हिस्सा लेना होगा। कार्यक्रम के दौरान सचिव जनसंपर्क संतोष मिश्रा, बस्तर कमिश्नर दिलीप वासनीकर, बस्तर डीआईजी पी. सुंदरराज, जिला पंचायत सीईओ डॉ. गौरव सिंह एवं अन्य अधिकारी उपस्थित थे। दीनदयाल उपाध्याय लाइब्रेरी का किया शुभारंभ- इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने दीनदयाल उपाध्याय लाइब्रेरी का शुभारंभ किया। साथ ही तमन्ना प्रोजेक्ट के अंतर्गत दिल्ली जाने वाले बच्चों से मुलाकात भी की।