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रमन सिंह के कवर्धा से आई बहुत बुरी खबर, तस्वीर देख आप भी कहेंगे बिहार के गुंडाराज से कम नहीं..!

मुख्यमंत्री के गृह जिले में अवैध शराब बेंचने से रोका तो पूरे परिवार को बुरी तरह से पीटा, ज़िंदा जलाने की कोशिश  

कवर्धा

मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह के गृह जिले और रमन सिंह के बेटे अभिषेक सिंह के संसदीय क्षेत्र से दिल दहला देने वाली खबर आई है। छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले के पेंड्री गांव में अवैध शराब बेंचने से रोकने पर दबंगों ने एक ही परिवार के पूरे सदस्यों की बुरी तरह से से पीटा। दबंग यहीं नहीं रुके मारपीट के बाद इन बदमाशों ने शराब बेंचने से रोकने वाले युवक के ऊपर मिट्टी तेल डालकर आग लगाने की कोशिस भी की। मारपीट से घायल युवक के पिता की स्थिति गंभीर बनी हुई है। जबकि पुलिस ने मारपीट में शामिल बदमाशों में से 5 आरोपियों को हिरासत हिरासत में ले लिया है।

कवर्धा जिले के पेन्ड्री गांव में रहने वाले एक दंबंग युवक पालू उर्फ जयपाल जो लंबे समय से गांव में अवैध शराब बेंचने का काम करता है।  अवैध शराब बेंचने को लेकर गावं के एक युवक दुखित कौशिक ने आपत्ति की । इससे नाराज पालू अपने बदमाश दोस्तों के साथ पहुंचा और मना करने वाले युवक को बुरी तरह पीटा। दूसरे दिन पालू दुखित के घर जा पहुंचा और उसके युवक समेत उसके पिता को भी बुरी तरह से मारा।  युवक के पिता को दबंगों ने इतनी बुरी तरह से पीटा की उसका सर फट गया और वह कई घंटे तक बेहोश थे पालू अपने साथ मिट्टी का तेल लेकर दुखित को जान से मारने पहुंचा था लेकिन वो केवल उसके ऊपर मिट्टी का तेल ही डाल पाया। इतने में गाँव वाले पहुँच गए तो दबंग वहां से भाग निकले।

कवर्धा पुलिस ने पीड़ित परिवार की शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। वहीँ पुलिस ने इस मामले में 5 आरोपियो को हिरासत में भी लिया है और बांकी की तलाश की जा रही है।

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पालू के खिलाफ पहले भी इस तरह के मामले थाने में दर्ज हैं। एसपी डी रविशंकर के मुताबिक कई बार उसके खिलाफ अवैध शराब बेंचने को लेकर शिकायत आ चुकी है। इस बार पुलिस ने पालू के खिलाफ गंभीर धारों के तहत केस दर्ज किया है।

मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह के गृह जिले में यह हाल है तो बांकी के जिलों में क्या हो रहा होगा इस बात का अंदाजा बहुत आसानी से लगाया जा सकता है। छत्तीसगढ़ आदिवासी बाहुल्य इलाका है और यहाँ दवा दुकान से पहले शराब की दुकान खुलती है। शराब की बिक्री को लेकर छत्तीसगढ़ सरकार ने अब तक कोई  ठोस नियम नहीं बनाये हैं। यही वजह है की शराब माफिया अब लोगों को ज़िंदा जलाने में भी नहीं डर रहे हैं।

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